लखनऊ में समजावादी पार्टी के प्रवक्ता फखरुल हसन चंद ने चुनाव आयोग द्वारा एसआईआर नोटिस में बदलाव करने के मामले पर तीखी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कहा कि चुनाव आयोग और उसके खिलाफ उठाए गए सवाल स्वतंत्रता के बाद से अभूतपूर्व हैं। जब भी कोई सवाल उठाया जाता है, तो आयोग प्रक्रिया बदल देता है। उन्होंने सुप्रीम कोर्ट का भी जिक्र करते हुए कहा कि जब सवाल उठते हैं तो माननीय सर्वोच्च न्यायालय भी अपने फैसले बदल देता है।
फखरुल हसन चंद ने आरोप लगाया कि चुनाव आयोग जिस तरीके से काम कर रहा है, वह भारतीय जनता पार्टी के लिए और उसकी दिशा में काम करता दिखता है। उन्होंने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार पर भी निशाना साधते हुए कहा कि अब किसी को भी उन पर भरोसा नहीं रह गया है। पार्टी का मानना है कि आयोग विपक्ष की शिकायतों पर कोई ठोस कार्रवाई नहीं करता।
समजावादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव के बयान का हवाला देते हुए प्रवक्ता ने कहा कि चुनाव आयोग न तो विपक्ष की शिकायतों पर कार्रवाई करता है और न ही उन पर कोई कार्रवाई होती हुई दिखाई देती है। यह बयान उत्तर प्रदेश की राजनीति में चुनाव आयोग की निष्पक्षता को लेकर चल रही बहस को और तेज कर सकता है।




