उज्जैन से वायरल हुए इस वीडियो में पुलिस की कार्रवाई के दृश्य दिख रहे हैं, जिसमें कुछ लोग लाठियों से पीटे जा रहे हैं और सड़क पर गिरे हुए नजर आ रहे हैं। अमानतुल्लाह खान ने अपने पोस्ट में कहा है कि यह वीडियो उज्जैन का है और बीजेपी राज में सरकारी तंत्र का इस्तेमाल करके किसी एक समुदाय को लगातार निशाना बनाया जा रहा है। उन्होंने इसे बेहद गंभीर और चिंताजनक मुद्दा बताया है।
पोस्ट में सवाल उठाया गया है कि मुसलमानों के साथ यह अत्याचार कब तक चलेगा। अमानतुल्लाह खान का मानना है कि यह सिर्फ एक समुदाय का मामला नहीं है, बल्कि न्याय और संविधान की रक्षा का सवाल है। वीडियो में पुलिस और आम लोगों के बीच तनावपूर्ण दृश्य साफ दिख रहे हैं, जो सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बन गया है।
इस घटना ने राजनीतिक और सामाजिक सवाल खड़े कर दिए हैं। कई लोग पुलिस कार्रवाई की आलोचना कर रहे हैं, जबकि कुछ इसे कानून व्यवस्था बनाए रखने का हिस्सा मानते हैं। अमानतुल्लाह खान जैसे नेता इसे सांप्रदायिक निशाना बनाने का आरोप लगा रहे हैं और न्याय की मांग कर रहे हैं।




